श्रीनगर (गढ़वाल) । हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय ने शैक्षणिक सत्र 2026–27 के लिए यूनिवर्सिटी एंट्रेंस टेस्ट (यूईटी) की अधिसूचना जारी कर दी है। इस परीक्षा के माध्यम से विश्वविद्यालय अपने तीनों परिसरों एवं 50 से अधिक संबद्ध महाविद्यालयों/संस्थानों में संचालित बी.एड., एम.एड., बी.पी.एड., एम.
विश्वविद्यालय के अंतर्गत संचालित लगभग 14 स्कूलों में कला, विज्ञान, वाणिज्य, प्रबंधन
विश्वविद्यालय ने एनईपी 2020 के प्रावधानों के अनुरूप एक महत्वपूर्ण पहल करते हुए अपने परिसरों में आगामी सत्र से एक वर्षीय स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रम भी प्रारंभ किया है। इन एक वर्षीय स्नातकोत्तर (पीजी) पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए वही अभ्यर्थी पात्र होंगे, जिन्होंने चार वर्षीय स्नातक (ऑनर्स/ऑनर्स विद रिसर्च) कार्यक्रम पूर्ण किया हो। यह व्यवस्था नई शिक्षा नीति के तहत उच्च शिक्षा को अधिक लचीला एवं शोध-उन्मुख बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रो. वाई. पी. रैवानी द्वारा निर्गत अधिसूचना के अनुसार एम.ए., एम.एससी., एम.कॉम., एम.
प्रवेश परीक्षा पूरी तरह बहुविकल्पीय प्रश्न (एमसीक्यू) आधारित होगी। अधिकांश पाठ्यक्रमों के लिए 100 प्रश्न होंगे, जबकि बी.एड. कार्यक्रम के लिए 200 प्रश्न निर्धारित किए गए हैं। प्रत्येक प्रश्न 1 अंक का होगा तथा परीक्षा में कोई नकारात्मक अंकन नहीं होगा। परीक्षा की अवधि सामान्यतः 2 घंटे तथा बी.एड. के लिए 3 घंटे निर्धारित की गई है।
प्रवेश परीक्षा समन्वयक डॉ. प्रीतम सिंह नेगी ने बताया कि आवेदन प्रक्रिया पूर्णतः ऑनलाइन होगी, जिसे समर्थ पोर्टल के माध्यम से सम्पन्न किया जाएगा। अभ्यर्थी निर्धारित पोर्टल https://hnbguadmission.
विश्वविद्यालय प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि केवल प्रवेश परीक्षा में उत्तीर्ण होना किसी पाठ्यक्रम में प्रवेश की गारंटी नहीं है। अंतिम चयन मेरिट, सीटों की उपलब्धता एवं अन्य पात्रता शर्तों के आधार पर किया जाएगा। अभ्यर्थियों को सलाह दी गई है कि वे आवेदन करने से पूर्व विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध सूचना विवरणिका को ध्यानपूर्वक पढ़ें तथा सभी आवश्यक दस्तावेज तैयार रखें।

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