भीमताल । झील की लहरों पर रोमांच, पर्वतों की गोद में ट्रैकिंग और आध्यात्म के संग योग—इन सबका संगम 6 से 9 मार्च के बीच आयोजित होने जा रहे टिहरी लेक फेस्टिवल में देखने को मिलेगा। टिहरी जिला प्रशासन और उत्तराखंड पर्यटन विकास परिषद के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित ‘Himalayan O₂ – टिहरी लेक फेस्टिवल’ का शुभारंभ 6 मार्च को मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा किए जाने का प्रस्ताव है।
चार दिवसीय आयोजन के दौरान टिहरी झील की सैर, गंगा की वेगवान धाराओं में राफ्टिंग, खैट पर्वत की ट्रैकिंग, देवप्रयाग संगम तट पर योग और पौराणिक रघुनाथ मंदिर के दर्शन जैसे आकर्षण पर्यटकों को लुभाएंगे। जिलाधिकारी नीतिका खंडेलवाल के अनुसार, आयोजन का उद्देश्य टिहरी को प्रमुख पर्यटन गंतव्य के रूप में स्थापित करना और स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ाना है।
फेस्टिवल के दौरान मास्टर शेफ, फोटोग्राफी, पेंटिंग, सोशल मीडिया रील, ग्रुप फैशन शो, मिस्टर एंड मिस टिहरी, राफ्टिंग और रैप सिंगिंग जैसी प्रतियोगिताएं होंगी। प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी को एक लाख रुपये तक का पुरस्कार दिया जाएगा। द्वितीय स्थान के लिए 50 हजार और तृतीय स्थान के लिए 25 हजार रुपये निर्धारित हैं। साथ ही 10 प्रतिभागियों को पांच-पांच हजार रुपये के सांत्वना पुरस्कार भी मिलेंगे।
फेस्टिवल का उद्घाटन 6 मार्च को कोटी कॉलोनी में होगा। यहां फूड फेस्टिवल, मिस्टर एंड मिस टिहरी, मास्टर शेफ प्रतियोगिता और वीर भड़ माधो सिंह भंडारी की जीवनगाथा पर आधारित नाट्य प्रस्तुति आयोजित की जाएगी। 6 मार्च को पांडवाज बैंड और 7 मार्च को प्रसिद्ध गायक-संगीतकार अमित त्रिवेदी अपनी प्रस्तुति देंगे।
प्रतापनगर ब्लॉक में माजफ–पीडी ट्रैक और थात-खैट पर्वत ट्रैक, घनसाली में बासल ताल ट्रैक, नरेंद्र नगर में ब्रह्मपुरी से खारास्रोत तक गंगा राफ्टिंग तथा धनोल्टी क्षेत्र में सुआखोली से देवलसारी तक माउंटेन बाइकिंग (एमटीबी) राइड का आयोजन होगा।
फेस्टिवल के प्रतिभागियों को देवप्रयाग संगम पर गंगा आरती और योगाभ्यास का अवसर भी मिलेगा। साथ ही ऐतिहासिक वेदशाला का भ्रमण कराया जाएगा।
टिहरी लेक फेस्टिवल रोमांच, संस्कृति और आध्यात्म का अनूठा संगम बनकर राज्य के पर्यटन मानचित्र पर नई छाप छोड़ने को तैयार है।

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