जंगलों की आग से जड़ी-बूटियां विलुप्त, मानव-वन्यजीव संघर्ष बढ़ा: मनोज शर्मा

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भीमताल। विधानसभा क्षेत्र भीमताल के विभिन्न ब्लॉकों में जंगलों की आग के कारण वर्षों से पुरानी जड़ी-बूटियां और आयुर्वेदिक उपयोग की औषधीय वनस्पतियां नष्ट होती जा रही हैं, जिससे वे विलुप्त होने की कगार पर पहुंच गई हैं। इसके चलते जंगलों में फलदार वृक्षों की संख्या भी लगातार घट रही है, जिसका सीधा असर मानव-वन्यजीव संघर्ष के रूप में सामने आ रहा है।
इस संबंध में कांग्रेस नेता मनोज शर्मा ने मंगलवार को डीएफओ (सॉइल) नैनीताल से मुलाकात कर विस्तृत चर्चा की। मनोज शर्मा ने बताया कि विधानसभा भ्रमण के दौरान ग्रामीणों ने उन्हें अवगत कराया कि जड़ी-बूटियां पहले क्षेत्र में आय अर्जन का प्रमुख साधन थीं, जो अब लगभग समाप्त हो चुकी हैं। फलदार वृक्षों के अभाव में जंगली जानवर आबादी क्षेत्रों की ओर रुख कर रहे हैं, जिससे मानव-वन्यजीव संघर्ष की घटनाएं बढ़ रही हैं।
उन्होंने डीएफओ से मांग की कि भीमताल विधानसभा के सभी ब्लॉकों के जंगलों में जड़ी-बूटियों और फलदार वृक्षों का रोपण किया जाए तथा इसके लिए एक समग्र क्लस्टर प्लान तैयार किया जाए। इससे न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि ग्रामीणों को रोजगार और आय के नए अवसर भी प्राप्त होंगे।
इस पर डीएफओ (सॉइल) नैनीताल ने प्रस्ताव को स्वागत योग्य बताते हुए आश्वासन दिया कि शीघ्र ही पूरी विधानसभा में क्लस्टर आधारित योजना तैयार कर चरणबद्ध तरीके से जड़ी-बूटियों और फलदार वृक्षों का रोपण किया जाएगा। योजना के क्रियान्वयन में ग्रामीणों की सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी और विस्तृत कार्ययोजना पर कार्य किया जाएगा।




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